कोष प्रवाह विवरण
Q.कोष प्रवाह विवरण से आप क्या समझते हैं ? कोष प्रवाह विवरण तथा आर्थिक चिट्ठे में क्या अन्तर है?
कोष प्रवाह विवरण का अर्थ
Meaning of fund flow statement
कोष प्रवाह विवरण के अर्थ को समझने से पूर्व हमें कोष प्रवाह के अर्थ को समझ लेना अत्यन्त आवश्यक है।
कोष प्रवाह को अंग्रेजी में Fund flow कहते हैं जो कि दो शब्दों से मिलकर बना है Fund+ flow.
Fund का अर्थ है कोष तथा flow का अर्थ है प्रवाह।
कोष से आशय शुद्ध कार्यशील पूंजी से है। अर्थात् कोष से आशय चालू सम्पत्ति तथा चालू दायित्व में अन्तर से है।
यहां चालू संपत्ति के अंतर्गत cash in hand, cash at Bank , debtors ,bill receivable prepaid expenses, accrued income stock आदि को सम्मिलित किया जाता है।
स्पष्ट सूचना के अभाव में विनियोगों को दीर्घकालीन ही माना जाता है।
यहां चालू दायित्वों के अन्तर्गत Bank overdraft, creditors, Bill payable, Outstanding expenses, Unaccrued income आदि को सम्मिलित किया जाता है।
कोष प्रवाह से आशय चालू सम्पत्ति में कमी अथवा वृद्धि से है।
कोष प्रवाह विवरण वित्तीय विश्लेषण की सबसे महत्वपूर्ण विधि है जिसके अन्तर्गत इस बात का विश्लेषण किया जाता है कि व्यवसाय में कोषों की प्राप्ति कहां-कहां से हुई है तथा इन कोषों का संस्था में किस प्रकार से प्रयोग किया गया है
कोष प्रवाह विवरण का उद्देश्य ,महत्व तथा उपयोग
objectives/importance/ of fund flow statement
1.वित्तीय विश्लेषण में सहायक (helpful in financial analysis)- कोष प्रवाह विवरण वित्तीय विश्लेषण में सहायक होता है।
2.तुलनात्मक अध्ययन में सहायक (helpful in comparative study)- कोष प्रवाह विवरण तुलनात्मक अध्ययन में सहायक होता है।
3.भावी योजनाएं बनाने में सहायक (helpful in future planning)- कोष प्रवाह विवरण भावी योजनाएं बनाने में सहायक होता है।
4.ऋण प्राप्त करने में सहायक (helpful in procurement of loans)- कोष प्रवाह विवरण ऋण प्राप्त करने में सहायक होता है।
कोष प्रवाह विवरण की सीमाएं
Limitations of fund flow statement
1.गैर कोष मदों की उपेक्षा- कोष प्रवाह विवरण तैयार करते समय गैर कोष मदों की उपेक्षा की जाती है।
2.भूतकालीन विश्लेषण- कोष प्रवाह विवरण एक प्रकार का भूतकालीन विश्लेषण है। क्योंकि यह बताता है कि क्या हो चुका है लेकिन ये यह नहीं बताता कि क्या होगा।
कोष प्रवाह विवरण एवं आर्थिक चिट्ठे में अन्तर
Difference between fund flow statement and balance sheet
1.प्रकृति - कोष प्रवाह विवरण गतिशील प्रकृति का होता है ।
जबकि आर्थिक चिट्ठा स्थायी प्रकृति का होता है
2.उद्देश्य - कोष प्रवाह विवरण का प्रमुख उद्देश्य पूंजी, संपत्ति तथा दायित्वों में हुए परिवर्तनों की जानकारी प्राप्त करना होता है।
जबकि आर्थिक चिट्ठे का प्रमुख उद्देश्य व्यवसाय की आर्थिक स्थिति की जानकारी प्राप्त करना होता है।
3.प्रलेख- कोष प्रवाह विवरण एक आन्तरिक प्रलेख होता है ।
जबकि आर्थिक चिट्ठा एक बाहरी प्रलेख होता है।
4.तैयारी- कोष प्रवाह विवरण आर्थिक चिट्ठे के बाद तैयार किया जाता है ।
जबकि आर्थिक चिट्ठा कोष प्रभाव विवरण से पहले तैयार किया जाता है।
कोष प्रवाह विवरण तैयार करने की विधि
Procedure of preparation of fund flow statement
1.कार्यशील पूंजी में परिवर्तन के विवरण का प्रारूप/नमूना
Statement of changes in working capital
2.कोष प्रवाह विवरण का प्रारूप/ नमूना
Format of fund flow statement
Comments
Post a Comment